कुर्सी बचाने को दिल्ली पहुंचे सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत, कुछ होने वाला है बड़ा

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत अचानक दिल्ली पहुंच गए हैं। वहीं कोर टीम ने पार्टी के राष्ट्रीय जेपी नड्डा को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। फिलहाल माना जा रहा है कि उत्तराखंड बीजेपी में कुछ बड़ा होने जा रहा है।

कुर्सी बचाने को दिल्ली पहुंचे सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत, कुछ होने वाला है बड़ा

देहरादून। उत्तराखंड में कुर्सी बचाने के लिए राज्य के सीएम त्रिवेद्र सिंह रावत दिल्ली पहुंच गए हैं। वहीं बताया जा रहा है कि बीजेपी की कोर टीम के सदस्य और पार्टी के उपाध्यक्ष और राज्य प्रभारी दुष्यंत गौतम ने अपनी रिपोर्ट पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा को सौंप दी है। जिसके बाद राज्य में सियासी तापमान गर्म होने लगा है। वहीं सीएम त्रिवेन्द्र का दिल्ली पहुंचना काफी सवाल उठा रहा है। जिसके लिए बताया जा रहा है कि पार्टी कुछ बड़े फैसले कर सकती है।

राज्य विधानसभा का महत्वपूर्ण बजट सत्र राज्य की नई ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में चल रहा था और वहीं शनिवार को उत्तराखंड पहुंची कोर टीम की जानकारी मिलने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को ग्रास से देहरादून लौटना पड़ा था। देहरादून में कई घंटे की चली बैठक में राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, टिहरी माला से लोकसभा सांसद राज्यलक्ष्मी शाह, पूर्व मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा, नैनीताल से लोकसभा सांसद अजय भट्ट, प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत, कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक के साथ संगठन के महत्वपूर्ण नेता भी उपस्थित थे। वहीं बताया जा रहा है कि कोर कमेटी की बैठक में से सीएम त्रिवेन्द्र सिंह रावत बीच में उठकर चले गए थे। इसके बाद रमन सिंह मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास पर भी गए जहां पार्टी के लगभग 40 विधायक मौजूद थे।

पर्यवेक्षकों ने विधायकों से पूछा त्रिवेद्र का विकल्प

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक केंद्रीय पर्यवेक्षकों ने विधायकों से त्रिवेन्द्र सिंह रावत के विकल्पों पर भी राय मांगी। वहीं ज्यादातर विधायकों ने त्रिवेन्द्र सिंह को लेकर नाराजगी जताई। 

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बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष कर रहे हैं नेतृत्व परिवर्तन से इंकार

उधर बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत राज्य में किसी भी तरह के बदलाव से इंकार कर रहे हैं। उनका कहना है कि राज्य सरकार के चार साल पूरे होने के अवसर पर 70 विधानसभा क्षेत्रों में होने वाले कार्यक्रमों पर चर्चा करने के लिए केन्द्रीय पर्यवेक्षक भेजे गए हैं।